आसमां में शून्य,
कि उसका ओर - छोर नही।
माया में शून्य,
तो वह बे-मोल नहीं।
गर हो मनुष्य में शून्य,
तो मनुष्य का कोई मूल्य नहीं।
स्थान - स्थान की बात है,
शून्य तो कभी भी बेमोल नहीं!!
-श्री ए. रेनू
हिंदी कविता -ज़िंदगी, देश, प्रकृति, सावन, बारिश, जुदाई, गम, ख़्याल, प्रेम, बचपन, त्योहार, मौसम,समय, सुहानी सुबह, व्यथा, कथा, याद पर कविता। पहेली, कहानी, लेख, शायरी, यात्रा ।'श्री ए. रेनू ' की रचनाएँ। Hindi Poetry - On life, country, nature, Sawan, clouds, rain, separation, sorrow, thought, love, childhood, festival, weather, life, time, pleasant morning, sorrow story, remembrance, etc. Puzzle, Story, Article, Poetry, Journey.'Ms. A. Renu's ' compositions.
आसमां में शून्य,
कि उसका ओर - छोर नही।
माया में शून्य,
तो वह बे-मोल नहीं।
गर हो मनुष्य में शून्य,
तो मनुष्य का कोई मूल्य नहीं।
स्थान - स्थान की बात है,
शून्य तो कभी भी बेमोल नहीं!!
-श्री ए. रेनू
🌙 चांदनी रात 🌙 नीले अम्बर की चादर तले, शांत पड़ी है सारी रात। सुनहरी चांदनी बिखरे नभ में, जैसे उतरी हो कोई बात। ठंडी-ठंडी हवा के झोंके, छ...
👍🌷❤️❤️🌹
ReplyDelete👍
ReplyDeleteTrue. Zero he Hero bante hai😁
ReplyDeleteGod Bless!
Very true....deep thoughts👍
ReplyDeleteLovely
ReplyDelete🙏👌❤️❤️🌷
ReplyDeleteGreat sis .God blessed u
ReplyDelete👌
ReplyDelete🙏🙏🙏
ReplyDelete👏
ReplyDelete👌🏽
ReplyDelete✍️🌠👍
ReplyDeleteBeautiful lines ma'am
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